एकलव्यम् फाउण्डेशन के राष्ट्रीय सचिव बने डॉ. विपुल कुमार भवालिया
अलवर/नई दिल्ली :
साहित्य, संस्कृति एवं समाजसेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले डॉ. विपुल कुमार भवालिया को एकलव्यम फाउंडेशन द्वारा महत्वपूर्ण दायित्व प्रदान किया गया है। संस्था की संस्थापिका डॉ. पूजा सिंह गंगानिया व संस्थापक अमित चौहान के निर्देशन में उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर राष्ट्रीय सचिव की जिम्मेदारी सौंपते हुए संगठन की गतिविधियों को और अधिक सशक्त बनाने का निर्णय लिया गया है।
एकलव्यम फाउंडेशन, जो कि भारतीय ट्रस्ट अधिनियम 1882 के अंतर्गत एक गैर-लाभकारी संस्था है, देशभर में कला, साहित्य, संस्कृति और सामाजिक सरोकारों के संवर्धन हेतु निरंतर कार्य कर रही है। संस्था द्वारा जारी पत्र के अनुसार डॉ. भवालिया का कार्यकाल वर्ष 2026–2027 तक रहेगा, जिसे उनके उत्कृष्ट कार्य एवं वार्षिक प्रतिवेदन के आधार पर आगे भी बढ़ाया जा सकता है।
डॉ. विपुल कुमार भवालिया एक प्रख्यात शिक्षक, साहित्यकार एवं प्रेरणादायक व्यक्तित्व के रूप में जाने जाते हैं। उनकी रचनात्मकता, समाज के प्रति संवेदनशील दृष्टिकोण तथा शिक्षा के क्षेत्र में सक्रिय भूमिका को देखते हुए यह दायित्व उन्हें सौंपा गया है।
संस्था के पदाधिकारियों ने विश्वास व्यक्त किया है कि डॉ. भवालिया अपने अनुभव एवं नेतृत्व क्षमता से संगठन को नई ऊँचाइयों तक ले जाएंगे तथा साहित्यिक एवं सामाजिक गतिविधियों को व्यापक स्तर पर प्रोत्साहित करेंगे।
एकलव्यम् फाउंडेशन ने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि यह नियुक्ति न केवल संस्था बल्कि समाज के लिए भी एक सकारात्मक कदम सिद्ध होगी।
इस नियुक्ति से देशभर में खुशी की लहर है।
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